What is SEO Content Writing हिंदी में

SEO Content Writing क्या है What Is SEO Content Writing अगर आप अभी-अभी Blogging के क्षेत्र में आए हैं या आप कुछ समय से Blogging कर रहे हैं तो आपको ब्लॉग पोस्ट लिखने की कला आनी चाहिए ताकि आपके द्वारा लिखा गया सामग्री को गूगल के बोट्स एवं यूजर दोनों ही अच्छी तरह से समझ पाए।

What Is SEO Content Writing In Hindi

SEO Content Writing का मतलब ये हुआ कि आपके द्वारा लिखा गया पोस्ट को जब गूगल के Crawler आपके पोस्ट को Crawle करें तो इसे कौन से कैटेगरी में सेव करना है ये उसे समझ में आए, साथ ही यूजर भी आपके पोस्ट के टाइटल से ही ये समझ सके कि उसे यहां पर क्या जानकारी मिलने वाली है।

SEO Content Writing क्या है

SEO का मतलब Search Engine Optimization होता है और Content Writing का मतलब सामग्री लिखना यानी आप अपने ब्लॉग के लिए जो पोस्ट लिखते हैं उसी को सामग्री या Post या Content कहा जाता है।

हम अपने पोस्ट के लिए एक Keyword ढूंढते हैं और उसी कीवर्ड पर अपना पूरा पोस्ट लिखते हैं पूरे पोस्ट में उसी कीवर्ड को फोकस करते हैं।

उदाहरण के लिए आपको “SEO Content Writing क्या है” इस कीवर्ड पर पोस्ट लिखना है तो हम अपने पूरा पोस्ट में इस कीवर्ड को इस तरीके से सजाते हैं ताकि जब इस क्वेश्चन को लोग ब्राउजर में सर्च करें तो गूगल आपके पोस्ट को तुरंत पहचान लें और उन लोगों के सामने आपका पोस्ट दिखाया जाए।

आप चाहें तो इस कीवर्ड को इंग्लिश में लिख सकते हैं जैसे What Is SEO Content Writing In Hindi अब हम उदाहरण के तौर पर इस कीवर्ड के ऊपर अपना एक पूरा पोस्ट लिखना सीखेंगे। टाइटल से लेकर मेटा डिस्क्रिप्शन यूआरएल एवं सब हेडिंग में इस कीवर्ड को किस तरीके से डालना सीखेंगे।

SEO Friendly Blog Post कैसे लिखें How to write SEO Friendly Blog Post

SEO Friendly Blog Post और SEO Content Writing ये दोनों एक ही चीज है हम अपने द्वारा रिसर्च किए गए कीवर्ड को ब्लॉग पोस्ट के निम्न भागों में डालते हैं।

  • Title (डिफ़ॉल्ट रूप से H1 में होता है)
  • Heading H2
  • Subheading H3, H4, H5 H6
  • Focus Keyword
  • Meta Description
  • Tags
  • Image में ALT. Tag
  • एवं Post में जगह-जगह पर

मेन किवर्ड को Title, Heading, Focus Keyword एवं Meta Description में डालते हैं और सहायक कीवर्ड को सब हेडिंग में डालते हैं।

उदाहरण के लिए मेरे इस पोस्ट का मेन कीवर्ड हो गया what is seo content writing in hindi और सहायक कीवर्ड कुछ इस तरह रहेगा How to write SEO Friendly Blog Post एक मेन कीवर्ड के साथ चार से पांच सहायक कीवर्ड को रख सकते हैं।

सहायक किवर्ड मिलाने से हमारा पोस्ट संपूर्ण हो जाता है यानी हम जिस विषय पर लिख रहे हैं उस विषय को डिटेल्स में लिख पाते हैं और ऐसे ही पोस्ट को गूगल या फिर यूजर पसंद करते हैं।

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सहायक किवर्ड या LSI Keyword क्या है

जब आप किसी कीवर्ड को गूगल में सर्च करते हैं तो नीचे सबसे लास्ट में गूगल उसी की किवर्ड से मिलते-जुलते कुछ और किवर्ड दिखाता है इसे आप सहायक कीवर्ड या LSI Keyword कह सकते हैं।

उदाहरण के लिए मैंने गूगल में एक किवर्ड what is seo content writing को सर्च किया तो नीचे गूगल ने इसी कीवर्ड से मिलते-जुलते और भी परिणाम दिखाएं (नीचे चित्र देखें)

सहायक किवर्ड या LSI Keyword
सहायक किवर्ड या LSI Keyword

आप इन सहायक की वर्ड से जरूरी कीवर्ड अपने पोस्ट में सहायक कीवर्ड या LSI Keyword के रूप में डाल सकते हैं।

Meta Description कैसे लिखें

पूरा पोस्ट लिख लेने के बाद लास्ट में Meta Description लिखने की बारी आती है। जब किसी कीवर्ड को यूजर ब्राउजर में सर्च करते हैं तो वहां पर आपके पोस्ट का टाइटल और मेटा डिस्क्रिप्शन ये दो ही हिस्सा दिखता है।

इसलिए हमें मेटा डिस्क्रिप्शन को आकर्षित लिखना चाहिए, साथ ही seo-friendly का भी ध्यान होना चाहिए।

मेटा डिस्क्रिप्शन में हमारा मेन कीवर्ड जरूर आना चाहिए इससे गूगल आपके पोस्ट के बारे में समझ पाता है एवं उसे यूजर के सामने दिखाता है।

Meta Description को SEO Friendly होना चाहिए दो लाइन के इस डिस्क्रिप्शन में आपके पूरा पोस्ट का सारांश होना चाहिए।

Title H1 क्या है

Blogger या WordPress में Title डिफ़ॉल्ट रूप से H1 में होता है आप इसे h2 या h3 में चेंज नहीं कर सकते हैं। Title में मेन कीवर्ड को long-tail Keyword बनाकर डालना चाहिए।

उदाहरण के लिए हमारे इस पोस्ट का मेन कीवर्ड है What Is SEO Content Writing तो हमने इसमें “हिंदी में” ऐड कर दिया आप इसमें कुछ और भी जोड़ सकते हैं इसी को long-tail कीवर्ड कहा जाता है।

Heading H2

टाइटल के बाद दो से तीन लाइन में पोस्ट के बारे में होना चाहिए और फिर हम Heading H2 में डालते हैं। H2 में भी हमारा मेन कीवर्ड ही होता है, अब हम कुछ पैराग्राफ अपने इस कीवर्ड के बारे में लिखते हैं।

Subheading H3, H4, H5, H6

Heading H2 में हमें अपना पोस्ट का 40 परसेंट हिस्सा लिख देना चाहिए बाकी के प्रोसेस आगे बढ़ाते हुए H3, H4, H5, और H6 हेडिंग डालते जाते हैं और पैराग्राफ लिखते जाते हैं।

Post URL या SLUG कैसे बनायें

अगर आप अपने पोस्ट का Custom URL या SLUG नहीं बनाते हैं तो फिर आपके पोस्ट के टाइटल को ही वर्डप्रेस या ब्लॉगर डिफ़ॉल्ट रूप से URL या SLUG बना देता है।

अगर आप अपना ब्लॉग पोस्ट हिंदी में लिखते हैं तो कोशिश यही करें कि उस पोस्ट का यूआरएल इंग्लिश में हो।

उदाहरण के लिए मेरे इस पोस्ट का यूआरएल में मैं अपना इस पोस्ट का मेन कीवर्ड डालूंगा जैसे what is seo content writing in hindi.

आप इस यूआरएल को हिंग्लिश में भी लिख सकते हैं जैसे seo content writing kya hai hindi यूआरएल को हिंदी में लिखने से बचें।

Focus Keyword क्या है

अगर आप वर्डप्रेस इस्तेमाल करते हैं और Yoast SEO या Rank Math seo plugin को इंस्टॉल कर रखे हैं तो आपको पोस्ट लिखते समय Focus Keyword डालने का ऑप्शन मिलता है।

Focus Keyword का मतलब आपके मन की बात से भी जरूरी पाठ अलग कर लेना होता है उदाहरण के लिए आपने एक कीवर्ड रिसर्च किया जो इस प्रकार है seo friendly blog post kaise likhe.

तो इस कीवर्ड का जरूरी हिस्सा blog post kaise likhe ये फोकस कीवर्ड हो जाएगा।

ये फोकस कीवर्ड आपके पोस्ट के टाइटल, हेडिंग, सब हेडिंग, यूआरएल, मेटा डिस्क्रिप्शन एवं इमेज के ALT Tag में होना चाहिए, साथ ही आपके पूरे पोस्ट में कई बार मेंशन होना चाहिए। (पोस्ट के लंबाई के हिसाब से)

Image में ALT Tag कैसे डालें

आपका ब्लॉग Blogger पे हो या WordPress पर आप अपने सभी पोस्ट के लिए एक Feature Image जरूर डिजाइन करते हैं लेकिन उस इमेज को डिजाइन करने के बाद उसे रिनेम करके उसका नाम में फोकस किवर्ड जरूर डालें।

फिर उस इमेज को अपने पोस्ट में अपलोड करते समय ALT Tag में भी फोकस कीवर्ड डालें, ब्लॉगर और वर्डप्रेस दोनों ही प्लेटफार्म पर इमेज अपलोड करते समय ALT Tag डालने का ऑप्शन मिलता है।

इमेज में ALT Tag डालने से फायदा ये होता है कि गूगल उस इमेज के बारे में समझ पाता है और आपका इमेज भी सर्च इंजन में रैंक करता है और उस इमेज के द्वारा भी आपको ट्रैफिक मिलता है।

आपके ब्लॉग पर वेब से कितना ट्रैफिक आ रहा है, इमेज से कितना ट्रैफिक आ रहा है, एवं आपके पोस्ट में डाले गए वीडियो के द्वारा कितना ट्रैफिक आ रहा है इसे आप Google Search Conosol में चेक कर सकते हैं।

Post Tag कैसे डालें

वर्डप्रेस पर जब आप अपना पोस्ट लिख लेते हैं तो दाहिने साइड में Tag का ऑप्शन होता है आप उसके ऊपर क्लिक करके आप अपने मैन की वार्ड से संबंधित अन्य कीवर्ड को टैग में डाल सकते हैं।

यानी आपके मेन कीवर्ड से संबंधित और कौन-कौन से कीवर्ड को लोग उस प्रश्न के उत्तर के लिए सर्च कर रहे हैं उन सभी कीवर्ड को इकट्ठा करके टैग में 4 से 5 की वर्ड आप डाल सकते हैं।

Blog Post में Interlinking कैसे करें

SEO Content Writing में Interlinking भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है आप अपने पोस्ट में उसी पोस्ट से संबंधित दूसरे दूसरे पोस्ट को लिंक कर सकते हैं।

जब आप अपना Blog बनाते हैं तो उसमें अलग-अलग कैटेगरी बनाते हैं, पोस्ट लिखते समय उसी केटेगरी से अन्य पोस्ट को अपने इस पोस्ट में लिंक करें तो ज्यादा बेहतर परिणाम मिलता है।

Blog Post में Outbound Linking

आप अपने पोस्ट को उसी पोस्ट से संबंधित किसी बाहरी दूसरे हाई अथॉरिटी साइट के पोस्ट के साथ भी लिंक कर सकते हैं। आउट बाउंड लिंक आपके उस पोस्ट का महत्व बढ़ाता है।

Outbound Linking करते समय किसी लो क्वालिटी के वेबसाइट का चुनाव ना करें और ऐसे पोस्ट को चुनें जिसमें आप के मौजूदा पोस्ट वाली ही जानकारी और भी हाई क्वालिटी में हो।

Bullet Point

अपने पोस्ट में Bullet Point को जरूर यूज़ करें आप इस पोस्ट में भी Bullet Point देख सकते हैं ये SEO Writing के लिए महत्वपूर्ण होता है एवं सर्च इंजन में snippets features में दिखाया जाता है।

गूगल आपके पोस्ट का महत्वपूर्ण पैराग्राफ को snippets features में दिखाता है लेकिन ज्यादातर Bullet Point वाले लाइन को ही snippets features में दिखाए जाते हैं।

Numbering List

अगर आप अपने पोस्ट में स्टेप बाय स्टेप प्रोसेस बता रहे हैं तो उस प्रोसेस में आप क्या क्या बताने वाले हैं उस लाइन को List में डाल सकते हैं।

ये लिस्ट भी seo content writing के लिए जरूरी होता है और इसे snippets features में भी दिखाया जाता है।

Post में Keyword Density कितना होना चाहिए

Keyword Density का मतलब आपके पूरे पोस्ट में कीवर्ड कितना पर्सेंट होना चाहिए। कुछ बड़े SEO Experts का मानना है कि 0.5 से 1 परसेंट तक ही पोस्ट में कीवर्ड होना चाहिए।

उदाहरण के लिए अगर आपने अपना पोस्ट 1000 शब्दों का लिखा है तो उसमें 5 से 10 बार ही मेन फोकस कीवर्ड को डालें।

अगर आप अपने पोस्ट में बहुत ज्यादा कीवर्ड का इस्तेमाल करते हैं तो गूगल आपके उस पोस्ट को Keyword Stuffing के तहत पेनाल्टी करेगा।

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SEO Content Writing Tool

SEO Content Writing के लिए कुछ टूल भी उपलब्ध हैं जिसके मदद से आप अपने पोस्ट को seo-friendly लिख सकते हैं साथ ही अपने पोस्ट में लिखे गए ग्रामर मिस्टेक को भी चेक करके दुरुस्त कर सकते हैं।

Yoast SEO Plugin

अगर आपका ब्लॉग वर्डप्रेस पर है तो Yoast SEO Plugin आपको अपना पोस्ट लिखते समय उसका On Page SEO का सुझाव देता है।

Yoast SEO के फ्री वर्जन में ही आप एक अच्छा seo-friendly पोस्ट लिख सकते हैं और अगर आप इसका प्रीमियम वर्जन ले लेते हैं तो फिर आपको और भी बहुत सारे ऑप्शन मिल जाएंगे।

Rank Math SEO Plugin

Yoast SEO के हीं जैसा Rank Math SEO Plugin भी काम करता है इस प्लगिंग में आपको फ्री वर्जन में ही Yoast से ज्यादा ऑप्शन मिलते हैं।

Grammar Checker

आप अपना ब्लॉग पोस्ट लिखने के बाद Grammar Checker में डाल के स्पेलिंग मिस्टेक को सुधार सकते हैं ब्लॉगिंग के लिए ये Tool बेस्ट है।

करना सिर्फ इतना है कि Grammar Checker का एक्सटेंशन chrome browser में ऐड करना है और फिर Google Docs या अन्य माध्यमों पर लिखा गया content का ग्रामर चेक करके सुधारते जाना है।

Copyscape Content Checker

Copyscape एक ऐसा टूल है जिसमें आप अपने ब्लॉग पोस्ट के यूआरएल डाल के ये चेक कर सकते हैं कि आपका पोस्ट इंटरनेट पर और कहां कहां उपलब्ध है।

ये टूल ब्लॉगर पर बने ब्लॉग पोस्ट का एसीओ से संबंधित जानकारी लेने के लिए बेस्ट है क्योंकि वर्डप्रेस के तरह ब्लॉगर पर SEO के लिए कोई प्लगइन या टूल नहीं होते हैं।

अब यहां तक हमने what is seo content writing के उत्तर को विस्तार से समझ लिया अगर आप ऊपर बताए गए बातों को फॉलो करते हैं तो एक seo friendly blog post लिख पाएंगे।

और अंत में

ऐसा नहीं है कि सिर्फ seo content writing को ध्यान में रखकर ही सर्च इंजन में टॉप में लाया जा सकता है इसके लिए बहुत सारे फैक्टर्स होते हैं।

अगर आपका ब्लॉग बिल्कुल नया है तो आप अपने साइट पर काम करते रहिए और कम से कम 6 महीने या एक साल तक लगातार काम करिए।

क्योंकि हमारे नए ब्लॉग को गूगल 6 महीना से लेकर 1 साल तक सैंडबॉक्स में रखता है और इस दौरान आपका ब्लॉग सर्च इंजन में रैंक नहीं करता है लेकिन आपको काम रेगुलर करते रहना होता है।

हमें उम्मीद है आपको ये पोस्ट what is seo content writing in hindi से आपके सवालों का जवाब मिल गया होगा अगर अभी भी आपके मन में कोई सवाल है तो नीचे कमेंट बॉक्स में जरूर लिखें।

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